28.7 C
New Delhi
Thursday, October 15, 2026
Homeदेशदिल्लीवासियों को बड़ा झटका! बिजली बिल पर 8% तक अतिरिक्त सरचार्ज बढ़ाने...

दिल्लीवासियों को बड़ा झटका! बिजली बिल पर 8% तक अतिरिक्त सरचार्ज बढ़ाने की मंजूरी

दिल्ली के बिजली उपभोक्ताओं को लगातार दूसरे महीने भी महंगे बिजली बिल का सामना करना पड़ सकता है। दिल्ली इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन (DERC) ने राजधानी की बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) को ग्राहकों से 8 प्रतिशत तक अतिरिक्त फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज (FPPAS) वसूलने की मंजूरी दे दी है। अधिकारियों ने बताया कि डीईआरसी के इस फैसले के बाद बिजली वितरण कंपनियां लगातार दूसरे महीने अपने उपभोक्ताओं के बिजली बिल में एफपीपीएएस जोड़ सकेंगी। इससे उपभोक्ताओं के मासिक बिजली बिल में बढ़ोतरी होने की संभावना है।

इससे पहले पिछले महीने भी डीईआरसी ने अप्रैल माह के लिए अतिरिक्त एफपीपीएएस लगाने की मंजूरी दी थी। उस दौरान बीएसईएस राजधानी पावर लिमिटेड (BRPL) के उपभोक्ताओं पर 7.94 प्रतिशत, बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड (BYPL) के लिए 7.43 प्रतिशत और टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (TPDDL) के उपभोक्ताओं के लिए 6 प्रतिशत अतिरिक्त एफपीपीएएस लागू किया गया था।

कंपनियों ने जून और जुलाई के लिए भी मांगी राहत

तीनों बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) ने जून और जुलाई के लिए भी दिल्ली विद्युत विनियामक आयोग (डीईआरसी) से राहत की मांग की थी। कंपनियों का कहना था कि मई महीने में बिजली खरीदने की वास्तविक लागत मौजूदा मूल बिजली खरीद लागत (Base Power Purchase Cost) की तुलना में काफी अधिक रही। डिस्कॉम का तर्क था कि बढ़ी हुई बिजली खरीद लागत का वित्तीय बोझ कम करने और उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति बनाए रखने के लिए फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज (FPPAS) के तहत अतिरिक्त राहत दी जानी चाहिए। इसी आधार पर उन्होंने जून और जुलाई के लिए भी अतिरिक्त शुल्क लगाने की अनुमति मांगी।

एक बिल चक्र में FPPAS की क्या है सीमा?

दिल्ली विद्युत विनियामक आयोग (डीईआरसी) के नियमों के अनुसार, किसी भी एक बिल चक्र में फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज (FPPAS) की अधिकतम वसूली 10 प्रतिशत तक सीमित होती है। एफपीपीएएस की दर हर महीने डीईआरसी तय करता है और इसकी गणना उपभोक्ता के फिक्स्ड चार्ज तथा एनर्जी चार्ज के कुल योग के प्रतिशत के आधार पर की जाती है। डीईआरसी द्वारा 10 जुलाई को जारी आदेश के अनुसार, मई माह के लिए एफपीपीएएस की गणना बीएसईएस राजधानी पावर लिमिटेड (बीआरपीएल) के लिए 25 प्रतिशत, बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड (बीवाईपीएल) के लिए 19.91 प्रतिशत और टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (टीपीडीडीएल) के लिए 12.21 प्रतिशत की गई थी।

मासिक आधार पर लागू रहेगी अतिरिक्त एफपीपीएएस की छूट

दिल्ली विद्युत विनियामक आयोग (डीईआरसी) ने अतिरिक्त फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज (FPPAS) वसूलने की अनुमति बीएसईएस राजधानी पावर लिमिटेड (बीआरपीएल) को 7.94 प्रतिशत, बीएसईएस यमुना पावर लिमिटेड (BYPL) को 7.43 प्रतिशत और टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (टीपीडीडीएल) को 2.21 प्रतिशत की दर से दी है। आयोग के आदेश के अनुसार, मई 2026 के लिए उपभोक्ताओं से वसूला जा सकने वाला कुल एफपीपीएएस बीआरपीएल के लिए 17.94 %, बीवाईपीएल के लिए 17.43 % और टीपीडीडीएल के लिए 12.21 प्रतिशत होगा। डीईआरसी ने अपने आदेश में यह भी स्पष्ट किया है कि अतिरिक्त एफपीपीएएस की यह व्यवस्था आयोग के अगले आदेश तक मासिक आधार पर लागू रहेगी।

क्या है एफपीपीएएस?

एफपीपीएएस (Fuel and Power Purchase Adjustment Surcharge) वह अतिरिक्त शुल्क है, जिसे बिजली वितरण कंपनियां (डिस्कॉम) बिजली उत्पादन और खरीद की लागत में होने वाले उतार-चढ़ाव की भरपाई के लिए उपभोक्ताओं से वसूलती हैं। जब बिजली बनाने में इस्तेमाल होने वाले ईंधन, जैसे कोयला या प्राकृतिक गैस, की कीमत बढ़ जाती है या फिर मांग पूरी करने के लिए डिस्कॉम को खुले बाजार से अधिक कीमत पर बिजली खरीदनी पड़ती है, तो उस अतिरिक्त लागत की आंशिक भरपाई एफपीपीएएस के माध्यम से की जाती है। यह शुल्क स्थायी नहीं होता, बल्कि दिल्ली विद्युत विनियामक आयोग (DERC) द्वारा हर महीने बिजली खरीद लागत की समीक्षा के आधार पर तय किया जाता है। इसकी गणना उपभोक्ता के फिक्स्ड चार्ज और एनर्जी चार्ज के कुल योग के प्रतिशत के रूप में की जाती है। इसलिए बिजली खरीद लागत बढ़ने या घटने के साथ एफपीपीएएस की दरों में भी बदलाव हो सकता है।

RELATED ARTICLES
New Delhi
broken clouds
28.7 ° C
28.7 °
28.7 °
64 %
3.4kmh
74 %
Thu
33 °
Fri
31 °
Sat
33 °
Sun
35 °
Mon
35 °

Most Popular