31.8 C
New Delhi
Thursday, October 15, 2026
Homeछत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट का बड़ा फैसला: विभागीय जांच बिना शिक्षिका की बर्खास्तगी...

छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट का बड़ा फैसला: विभागीय जांच बिना शिक्षिका की बर्खास्तगी रद्द, सेवा बहाली के आदेश

बिलासपुर : छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने बालोद जिले की एक सहायक शिक्षक पंचायत की बर्खास्तगी को अवैध ठहराते हुए बड़ा फैसला सुनाया है। न्यायालय ने जनपद पंचायत डौंडीलोहारा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) द्वारा जारी सेवा समाप्ति (टर्मिनेशन) आदेश को निरस्त कर दिया। यह फैसला 7 जुलाई 2026 को न्यायमूर्ति राकेश मोहन पांडे की एकलपीठ ने सुनाया।

क्या है पूरा मामला?

बालोद जिले के अर्जुंदा निवासी तस्लीम बानो की नियुक्ति वर्ष 2005 में सहायक शिक्षक पंचायत के रूप में शासकीय प्राथमिक शाला शिकारीटोला में हुई थी। वर्ष 2009 में उनकी सेवाएं नियमित कर दी गई थीं।शिक्षिका ने वर्ष 2015 में पारिवारिक कारणों से अवैतनिक अवकाश के लिए आवेदन दिया था। बाद में 4 नवंबर 2020 को व्यक्तिगत कारणों का हवाला देते हुए उन्होंने विकासखंड शिक्षा अधिकारी, डौंडीलोहारा को अपना त्यागपत्र भी सौंपा। हालांकि विभाग ने त्यागपत्र स्वीकार नहीं किया।इसके बाद विभागीय जांच के आधार पर 24 अगस्त 2021 को जनपद पंचायत डौंडीलोहारा के तत्कालीन मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने उन्हें सेवा से बर्खास्त कर दिया।

हाईकोर्ट ने क्यों रद्द किया आदेश?

बर्खास्तगी के खिलाफ तस्लीम बानो ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में याचिका दायर की। याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता मतीन सिद्दीकी ने अदालत में दलील दी कि शिक्षिका वर्ष 2009 से नियमित कर्मचारी थीं। ऐसे में उनके खिलाफ कार्रवाई छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन एवं अपील) नियम, 1999 के नियम-7 के तहत होनी चाहिए थी।याचिका में यह भी कहा गया कि विभाग ने बिना उचित अवसर दिए और गलत नियम (नियम-10) के तहत विभागीय कार्रवाई कर सीधे बर्खास्त कर दिया, जो कानून के अनुरूप नहीं था।इन तर्कों से सहमत होते हुए हाईकोर्ट ने माना कि विभाग ने गलत प्रक्रिया अपनाई। इसी आधार पर न्यायालय ने 24 अगस्त 2021 का बर्खास्तगी आदेश निरस्त कर दिया और शिक्षिका की याचिका स्वीकार कर ली।

कोर्ट के फैसले का महत्व

यह निर्णय उन मामलों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जहां नियमित कर्मचारियों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करते समय निर्धारित सेवा नियमों और प्रक्रिया का पालन नहीं किया जाता। अदालत ने स्पष्ट किया कि विभागीय कार्रवाई कानून में निर्धारित नियमों के अनुरूप ही होनी चाहिए।

RELATED ARTICLES
New Delhi
light rain
31.8 ° C
31.8 °
31.8 °
60 %
2.3kmh
45 %
Thu
32 °
Fri
30 °
Sat
32 °
Sun
34 °
Mon
35 °

Most Popular