29.1 C
New Delhi
Tuesday, March 17, 2026
Homeदुनियाश्रीलंका में PM मोदी ने रच दिया इतिहास! मिला सबसे बड़ा सम्मान...

श्रीलंका में PM मोदी ने रच दिया इतिहास! मिला सबसे बड़ा सम्मान ‘मित्र विभूषण’, किए 7 समझौते | क्या यह दौरा भारत-श्रीलंका रिश्तों का नया अध्याय है?

PM Modi in Sri Lanka: PM मोदी को मिला श्रीलंका का सर्वोच्च सम्मान 'मित्र विभूषण', साथ ही हुए 7 ऐतिहासिक समझौते—रक्षा, ऊर्जा, मंदिर विकास में नई दिशा।

PM Modi in Sri Lanka: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का श्रीलंका दौरा ऐतिहासिक बन गया है। कोलंबो पहुंचते ही उन्हें न केवल भव्य राजकीय स्वागत मिला, बल्कि उन्हें श्रीलंका सरकार द्वारा दिया गया सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘मित्र विभूषण’ भी प्रदान किया गया। यह सम्मान भारत और श्रीलंका के मजबूत और घनिष्ठ रिश्तों का प्रतीक माना जा रहा है। इसके अलावा पीएम मोदी और श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा डिसानायके के बीच हुई द्विपक्षीय वार्ता में 7 महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। इनमें रक्षा, ऊर्जा, डिजिटल सहयोग, मंदिर विकास और स्वास्थ्य से जुड़े क्षेत्रों को नई दिशा देने वाली घोषणाएं शामिल हैं।

यह केवल मेरा नहीं, 140 करोड़ भारतीयों का सम्मान है: पीएम मोदी

सम्मान प्राप्त करते हुए पीएम मोदी ने कहा, “यह सम्मान केवल मेरा नहीं, बल्कि 140 करोड़ भारतीयों का है। यह भारत और श्रीलंका के बीच की गहरी मित्रता और साझा मूल्यों का प्रमाण है।” उन्होंने यह भी कहा कि भारत, श्रीलंका का केवल पड़ोसी ही नहीं, बल्कि एक सच्चा मित्र है जो हर संकट और विकास यात्रा में साथ खड़ा रहेगा।

राजकीय स्वागत और 21 तोपों की सलामी

प्रधानमंत्री मोदी का कोलंबो एयरपोर्ट पर श्रीलंका के विदेश मंत्री विजिथा हेराथ, स्वास्थ्य मंत्री नालिंदा जयतिस्सा और मत्स्य मंत्री रामलिंगम चंद्रशेखर ने भव्य स्वागत किया। उन्हें स्वतंत्रता स्क्वायर में गार्ड ऑफ ऑनर और 21 तोपों की सलामी दी गई।

10,000 करोड़ के विकास कार्यों की घोषणा

प्रधानमंत्री मोदी ने श्रीलंका के भारतवंशी तमिल समुदाय (IOT) के लिए 10,000 करोड़ रुपये की सामाजिक और आवासीय योजनाओं की घोषणा की। उन्होंने श्रीलंका के किसानों को भी भारत की ओर से सीधी सहायता देने की बात कही। यह घोषणा भारत और श्रीलंका के बीच स्थायी विकास सहयोग की दिशा में एक बड़ा कदम है।

7 ऐतिहासिक समझौते, जो बदल देंगे Indo-Lanka संबंध

इस दौरे पर दोनों देशों के बीच कुल 7 ऐतिहासिक समझौते हुए, जो आने वाले समय में द्विपक्षीय संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे:

  1. रक्षा सहयोग समझौता:
    चार दशकों बाद भारत-श्रीलंका के बीच बड़ा रक्षा सहयोग समझौता हुआ, जो दोनों देशों की सुरक्षा को परस्पर जोड़ेगा।
  2. त्रिंकोमाली को ऊर्जा हब में बदलने का करार:
    श्रीलंका के पूर्वी हिस्से त्रिंकोमाली को एक अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा हब के रूप में विकसित करने के लिए समझौता।
  3. संपूर सोलर प्रोजेक्ट का उद्घाटन:
    120 मेगावाट का संपूर सौर ऊर्जा प्रोजेक्ट दोनों देशों के नेताओं द्वारा संयुक्त रूप से डिजिटल माध्यम से शुरू किया गया।
  4. स्वास्थ्य और चिकित्सा सहयोग समझौता:
    भारतीय फार्माकोपिया और श्रीलंका के स्वास्थ्य क्षेत्र के बीच सहयोग को बढ़ावा देने के लिए करार।
  5. डिजिटल कनेक्टिविटी का सहयोग:
    भारत की डिजिटल इंडिया परियोजनाओं की सफलता को श्रीलंका में दोहराने के लिए साझा तकनीकी सहायता।
  6. मंदिरों का संरक्षण और विकास:
    तिरुकोनेश्वरम मंदिर, सीता एलिया मंदिर और अनुराधापुर के पवित्र शहर प्रोजेक्ट के लिए अनुदान सहायता।
  7. भविष्य की पीढ़ियों के लिए कौशल निर्माण:
    भारत हर वर्ष 700 श्रीलंकाई युवाओं को स्किल डेवलपमेंट कार्यक्रमों में शामिल करेगा।

भारत की ओर से 5000 टन का वेयरहाउस और 5000 सोलर रूफटॉप यूनिट्स

Dambulla में भारत की सहायता से 5000 मीट्रिक टन का तापमान नियंत्रित गोदाम बनाया जा रहा है। इसके साथ ही पूरे श्रीलंका के 25 जिलों के धार्मिक स्थलों पर 5000 सोलर रूफटॉप यूनिट्स भी लगाए जाएंगे।

इंटरनेशनल वेसाक डे 2025 पर भारत भेजेगा भगवान बुद्ध के अवशेष

श्रीलंका में अगले वर्ष ‘अंतरराष्ट्रीय वेसाक दिवस 2025’ के अवसर पर भारत की ओर से भगवान बुद्ध के पवित्र अवशेष श्रीलंका भेजे जाएंगे, जो सांस्कृतिक और धार्मिक रिश्तों को और गहरा करेंगे।

कर्ज पुनर्संरचना समझौता भी हुआ

भारत और श्रीलंका के बीच द्विपक्षीय ऋण पुनर्संरचना के लिए एक समझौता भी किया गया है, जिससे श्रीलंका की आर्थिक स्थिति को स्थिर करने में मदद मिलेगी।

क्या यह दौरा भारत-श्रीलंका रिश्तों का नया अध्याय है?

इस दौरे को दोनों देशों के रणनीतिक, सांस्कृतिक और आर्थिक रिश्तों में “टर्निंग पॉइंट” माना जा रहा है। चार दशक बाद रक्षा सहयोग को फिर से शुरू करना, ऊर्जा और डिजिटल क्षेत्र में भारत की सक्रिय भूमिका, और श्रीलंका में मंदिरों और समुदायों के लिए मदद—यह सब दर्शाता है कि भारत अब केवल पड़ोसी नहीं, बल्कि एक निर्णायक भागीदार बन चुका है।


पड़ोसी से ‘सच्चे मित्र’ तक का सफर

प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा सिर्फ एक कूटनीतिक यात्रा नहीं, बल्कि एक ऐतिहासिक क्षण है जिसने भारत और श्रीलंका के रिश्तों को नई परिभाषा दी है। ‘मित्र विभूषण’ सम्मान से लेकर 7 ऐतिहासिक समझौतों तक, यह दौरा बताता है कि भारत वैश्विक स्तर पर अपने पड़ोसियों के साथ कैसे ‘Power Partner’ के रूप में उभर रहा है।


यह भी पढ़ें –

Ayushman Yojana: दिल्ली में आज से शुरू हुई आयुष्मान भारत योजना, जरूरतमंदों को मिलेगा 10 लाख रुपए तक मुफ्त इलाज

Giriraj Sharma
Giriraj Sharmahttp://hindi.bynewsindia.com
ढाई दशक से सक्रिय पत्रकारिता में। राजनीतिक व सामाजिक विषयों पर लेखन, पर्यावरण, नगरीय विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य आदि विषयों में रूचि। [ पूर्व संपादक (एम एंड सी) ज़ी रीजनल चैनल्स | कोऑर्डिनेटिंग एडिटर, ईटीवी न्यूज़ नेटवर्क/न्यूज़18 रीजनल चैनल्स | स्टेट एडिटर, पत्रिका छत्तीसगढ़ | डिजिटल कंटेंट हेड, पत्रिका.कॉम | मीडिया कंसलटेंट | पर्सोना डिज़ाइनर ]
RELATED ARTICLES
New Delhi
haze
29.1 ° C
29.1 °
29.1 °
37 %
3.6kmh
20 %
Tue
32 °
Wed
34 °
Thu
33 °
Fri
26 °
Sat
31 °

Most Popular