33 C
New Delhi
Saturday, August 22, 2026
Homeधर्मAkshaya Tritiya 2024: जानिए कब है अक्षय तृतीया, इस शुभ मुहूर्त में...

Akshaya Tritiya 2024: जानिए कब है अक्षय तृतीया, इस शुभ मुहूर्त में पूजा और खरीददारी से मिलेगा दोगुना लाभ

Akshaya Tritiya 2024: शास्त्रों में इस दिन सोना चांदी और कोई भी नया सामान खरीदने का खास महत्व बताया गया है। इस वर्ष अक्षय तृतीया 10 मई शुक्रवार को मनाई जाएगी। आइए जानते है इसके शुभ मुहूर्त ,तिथि और महत्व के बारे में |

Akshaya Tritiya 2024: अक्षय तृतीया का हिंदू धर्म में विशेष महत्व माना जाता है। वैशाख शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को हर वर्ष यह पर्व मनाया जाता है। हिन्दू धर्म में अक्षय तृतीया के मुहूर्त को अबूझ मुहूर्त माना जाता है। अर्थात आपको इस दिन किसी शुभ कार्य को करने के लिए किसी भी मुहूर्त को देखने की जरूरत नहीं है|

शास्त्रों में इस दिन सोना चांदी और कोई भी नया सामान खरीदने का खास महत्व बताया गया है। इस वर्ष अक्षय तृतीया 10 मई शुक्रवार को मनाई जाएगी। आइए जानते है इसके शुभ मुहूर्त ,तिथि और महत्व के बारे में|

अक्षय तृतीया 2024 तिथि:

वैदिक पंचांग के अनुसार, अक्षय तृतीया 10 मई शुक्रवार को सुबह 4 बजकर 16 मिनट से शुरू होकर 11 मई सुबह 2 बजकर 51 मिनट पर समाप्त होगी। यही कारण है कि इस वर्ष अक्षय तृतीया 10 मई को मनाई जाएगी। सूर्य और चंद्रमा इस दिन उच्च राशि में होते हैं इसलिए ज्योतिष भी इस दिन को बहुत शुभ मानते है।

Akshaya Tritiya 2024 शुभ मुहूर्त:

10 मई को, अक्षय तृतीया का शुभ मुहूर्त सुबह 5 बजकर 48 मिनट से शुरू होकर दोपहर 12 बजकर 22 मिनट तक चलेगा। ज्योतिषयों के अनुसार अक्षय तृतीया के शुभ मुहूर्त में किए गए हर काम सफल होगा। रवि योग भी इस दिन बन रहा है, जिसमें पूजा करने पर दोगुना लाभ मिलता है।

भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा:

अक्षय तृतीया के दिन मत्स्य पुराण के अनुसार अक्षत, पुष्प दीप आदि अर्पित करने से भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की कृपा मिलती है। इससे संतान की आयु भी लंबी होती है| इस दिन पवित्र नदियों में स्नान कर योग्य रूप से जल, अनाज, गन्ना, दही, सत्तू, सुराही, हाथ से बने पंखे और अन्य सामग्री दान करने से अद्भुत लाभ मिलता है।

महत्व:

माना जाता है कि अक्षय तृतीया पर मां लक्ष्मी की पूजा करना बहुत शुभ होता है। पौराणिक कथाओं के अनुसार भगवान विष्णु के परशुराम अवतार का जन्म भी इसी दिन हुआ था। कृष्णजी ने अक्षय तृतीया के दिन युधिष्ठिर को अक्षय पात्र भी दिया था। कहा जाता है कि इस अक्षय पात्र में भोजन कभी खत्म नहीं होता था।

इस दिन दान करने से अक्षय पुण्य मिलता है। शास्त्रों में इस दिन को अबूझ मुहूर्त माना गया है। इसका मतलब यह है कि इस दिन विवाह, घर में प्रवेश करना, वाहन खरीदना, सगाई करना या कोई भी अन्य शुभ कार्य बिना किसी मुहूर्त को देखे किया जा सकता है। साथ ही अक्षय तृतीया को पारद शिवलिंग, दक्षिणावर्ती शंख और एकाक्षी नारियल को घर में खरीदकर लाना शुभ माना जाता है।

अक्षय तृतीया पर खरीददारी करने का समय:

सुबह 5.33 से 10.37

दोपहर 12.18 से 1.59 बजे

शाम 5.21 बजे से 7.02 बजे तक

रात 9.40 बजे से 10.59 बजे तक

डिस्क्लेमर: इस लेख में दी गई सभी जानकारियाँ सामाजिक और धार्मिक आस्थाओं पर आधारित हैं। विभिन्न माध्यमों से एकत्रित करके ये जानकारियाँ आप तक पहुँचाई गई हैं। हमारा उद्देश्य महज़ सूचना पहुँचाना है, इसके उपयोगकर्ता इसे महज़ सूचना समझकर ही लें। किसी भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि का होना संयोग मात्र है। Bynewsindia. com इसकी पुष्टि नहीं करता है।

RELATED ARTICLES
New Delhi
light rain
33 ° C
34.1 °
33 °
66 %
2.6kmh
65 %
Sat
32 °
Sun
36 °
Mon
37 °
Tue
41 °
Wed
41 °

Most Popular