Independence Day 2025: 15 अगस्त 2025 को भारत ने 79वां स्वतंत्रता दिवस उत्साह और गौरव के साथ मनाया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से 12वीं बार राष्ट्रीय ध्वज फहराया और देशवासियों को संबोधित किया। इस अवसर पर वायुसेना की फ्लाइंग ऑफिसर रशिका शर्मा उनके साथ मौजूद थीं। ध्वजारोहण के साथ 1721 फील्ड बैटरी (सेरेमोनियल) ने स्वदेशी 105 मिमी लाइट फील्ड गन से 21 तोपों की सलामी दी। मेजर पवन सिंह शेखावत और नायब सूबेदार अनुतोष सरकार ने इसकी कमान संभाली। पीएम मोदी ने अपने संबोधन में स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, संविधान निर्माताओं, और सशस्त्र बलों को नमन करते हुए भविष्य के भारत के लिए कई बड़े ऐलान किए।
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Independence Day 2025: GST रिफॉर्म, दिवाली पर डबल तोहफा
प्रधानमंत्री ने ऐलान किया कि इस दिवाली देशवासियों को GST रिफॉर्म का “डबल तोहफा” मिलेगा। पिछले आठ वर्षों में GST ने कर प्रणाली को सरल बनाया और देशभर में कर का बोझ कम किया। अब अगली पीढ़ी के GST रिफॉर्म के लिए एक हाई-पावर रिव्यू कमेटी गठित की गई है, जो राज्यों के साथ विचार-विमर्श कर रही है। पीएम ने कहा, “सामान्य मानवीय जरूरतों पर टैक्स भारी मात्रा में कम होगा। MSME और लघु उद्योगों को बड़ा लाभ मिलेगा, जिससे रोजमर्रा की चीजें सस्ती होंगी और अर्थव्यवस्था को नया बल मिलेगा।” यह कदम महंगाई को नियंत्रित करने और मध्यम वर्ग को राहत देने की दिशा में महत्वपूर्ण है।
Independence Day 2025: 1 लाख करोड़ की रोजगार योजना
पीएम मोदी ने युवाओं के लिए ‘प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना’ की शुरुआत का ऐलान किया, जिसकी लागत 1 लाख करोड़ रुपये होगी। इस योजना के तहत निजी क्षेत्र में पहली नौकरी पाने वाले युवाओं को 15,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। साथ ही, अधिक रोजगार सृजित करने वाली कंपनियों को भी प्रोत्साहन मिलेगा। पीएम ने दावा किया कि इससे 3.5 करोड़ युवाओं को रोजगार मिलेगा, जिससे अर्थव्यवस्था को गति मिलेगी। यह योजना बेरोजगारी की चुनौती से निपटने और युवा शक्ति को सशक्त करने की दिशा में बड़ा कदम है।
Independence Day 2025: ऑपरेशन सिंदूर, दुश्मनों को कड़ा संदेश
पीएम मोदी ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के सैनिकों को सलाम करते हुए कहा कि 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जवाब देने के लिए सेना ने सैकड़ों किलोमीटर दुश्मन की धरती पर घुसकर आतंकी ठिकानों को नष्ट किया। उन्होंने कहा, पाकिस्तान की नींद उड़ी हुई है। आतंकी इमारतें खंडहर बन गईं। पीएम ने न्यूक्लियर ब्लैकमेल को खारिज करते हुए कहा कि भारत अब आतंकवाद को बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर दुश्मनों ने फिर कोशिश की, तो सेना अपनी शर्तों पर मुंहतोड़ जवाब देगी।
सिंधु जल समझौता पर सख्त रुख
प्रधानमंत्री ने सिंधु जल समझौते को अन्यायपूर्ण करार देते हुए कहा कि भारत से निकलने वाली नदियों का पानी दुश्मनों के खेतों को सींच रहा है, जबकि भारतीय किसान प्यासे हैं। उन्होंने कहा, खून और पानी एक साथ नहीं बहेंगे। इस समझौते ने सात दशकों तक किसानों को नुकसान पहुंचाया। अब इस पानी पर सिर्फ भारत का हक है। यह बयान भारत की जल नीति में बदलाव का संकेत देता है।
‘मेड इन इंडिया’ की ताकत
पीएम ने ‘मेड इन इंडिया’ अभियान की सराहना करते हुए कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में स्वदेशी हथियारों की ताकत दिखी। अगर हम आत्मनिर्भर न होते, तो क्या हम इतनी तेजी से ऑपरेशन पूरा कर पाते? स्वदेशी हथियारों ने सेना को बिना रुकावट पराक्रम करने की ताकत दी। उन्होंने पिछले 10 वर्षों में रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के प्रयासों पर जोर दिया।
सेमीकंडक्टर में भारत की छलांग
तकनीकी आत्मनिर्भरता पर जोर देते हुए पीएम ने सेमीकंडक्टर क्षेत्र में प्रगति की बात कही। उन्होंने बताया कि 50-60 साल पहले शुरू हुआ सेमीकंडक्टर का विचार अटक गया था, लेकिन अब भारत मिशन मोड में काम कर रहा है। छह सेमीकंडक्टर यूनिट्स की नींव रखी जा चुकी है, और 2025 के अंत तक ‘मेड इन इंडिया’ चिप्स बाजार में होंगे। यह भारत को वैश्विक तकनीकी ताकत बनाने की दिशा में बड़ा कदम है।
ऊर्जा आत्मनिर्भरता का लक्ष्य
पीएम ने ऊर्जा आत्मनिर्भरता पर जोर देते हुए कहा कि पेट्रोल, डीजल, और गैस के आयात पर खर्च होने वाला धन युवाओं और गरीबी उन्मूलन में लगाया जा सकता था। पिछले 11 वर्षों में सौर ऊर्जा में अभूतपूर्व वृद्धि, हाइड्रो पावर का विस्तार, और मिशन ग्रीन हाइड्रोजन में हजारों करोड़ का निवेश हुआ है। 10 नए परमाणु रिएक्टर कार्यरत हैं, और 2047 तक परमाणु ऊर्जा क्षमता को 10 गुना बढ़ाने का लक्ष्य है। प्राइवेट सेक्टर के लिए भी परमाणु ऊर्जा के द्वार खोले गए हैं।
संविधान निर्माताओं को नमन
पीएम ने संविधान सभा के सदस्यों डॉ. राजेंद्र प्रसाद, बाबा साहेब अंबेडकर, पंडित नेहरू, सरदार पटेल, और सर्वपल्ली राधाकृष्णन को नमन किया। उन्होंने नारी शक्ति के योगदान और श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती को याद किया, जिन्होंने एक देश, एक संविधान के लिए बलिदान दिया। धारा 370 को हटाने को उनकी सच्ची श्रद्धांजलि बताया।
देशभक्ति का माहौल और भविष्य का विजन
लाल किले पर तिरंगे के लहराने के साथ देशभक्ति का माहौल और गहरा हुआ। पीएम ने कहा, “140 करोड़ देशवासी तिरंगे के रंग में रंगे हैं। हर घर तिरंगा है।” उन्होंने भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प दोहराया, जिसमें तकनीकी आत्मनिर्भरता, आर्थिक प्रगति, और सामाजिक एकता शामिल हैं। समारोह से पहले पीएम ने राजघाट पर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी और परेड का निरीक्षण किया।
लाल किले से पीएम का संदेश
प्रधानमंत्री मोदी का 79वें स्वतंत्रता दिवस का संबोधन भारत के भविष्य के लिए एक रोडमैप की तरह है। GST रिफॉर्म और रोजगार योजना से आर्थिक प्रगति, ऑपरेशन सिंदूर से सुरक्षा, और सेमीकंडक्टर व ऊर्जा में आत्मनिर्भरता से तकनीकी उन्नति का संदेश दिया गया। यह संबोधन न केवल देशवासियों में जोश भरने वाला था, बल्कि भारत को वैश्विक मंच पर मजबूत करने का संकल्प भी दिखाता है।
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