23.8 C
New Delhi
Friday, October 23, 2026
Homeहेल्थगर्म चाय-कॉफी के शौकीन सावधान! ज्यादा तापमान वाले पेय से एसोफैगस कैंसर...

गर्म चाय-कॉफी के शौकीन सावधान! ज्यादा तापमान वाले पेय से एसोफैगस कैंसर का खतरा बढ़ सकता है

भारत में चाय और कॉफी पीने वालों की बड़ी संख्या है। कई लोग दिन में कई बार चाय-कॉफी पीना पसंद करते हैं और कुछ लोग इसे बेहद गर्म पीते हैं। लेकिन अगर आपको भी बहुत गर्म चाय या कॉफी पीने की आदत है, तो इसे लेकर सावधान रहने की जरूरत है। एक नई स्टडी में बेहद गर्म पेय पदार्थों के सेवन और एसोफैगस यानी भोजन की नली के कैंसर के बढ़ते जोखिम के बीच संबंध पाया गया है।

इंटरनेशनल जर्नल ऑफ कैंसर में प्रकाशित इस रिसर्च के मुताबिक, बहुत गर्म पेय पदार्थों का नियमित सेवन करने वाले लोगों में ग्रासनली के स्क्वैमस सेल कार्सिनोमा (SCC) का जोखिम गुनगुने पेय पीने वालों की तुलना में तीन गुना से अधिक पाया गया।

करीब 10 लाख लोगों पर हुई रिसर्च

इस अध्ययन में करीब 10 लाख लोगों के आंकड़ों का विश्लेषण किया गया। शोधकर्ताओं ने खास तौर पर ग्रासनली के स्क्वैमस सेल कार्सिनोमा के मामलों पर ध्यान दिया। यह दुनिया भर में एसोफैगस कैंसर का सबसे आम प्रकार है।

ग्रासनली एक मांसपेशीय नली होती है, जो मुंह से भोजन और पेय पदार्थों को पेट तक पहुंचाती है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की कैंसर एजेंसी इंटरनेशनल एजेंसी फॉर रिसर्च ऑन कैंसर (IARC) के अनुसार, 2020 में दुनियाभर में ग्रासनली के कैंसर के करीब 6.04 लाख नए मामले सामने आए थे, जबकि लगभग 5.44 लाख लोगों की मौत हुई थी।

दिन में 6 या उससे ज्यादा गर्म पेय पीने वालों में बढ़ा जोखिम

रिसर्च में शामिल लोगों से उनके गर्म पेय पदार्थों के सेवन से जुड़ी आदतों के बारे में जानकारी ली गई। उनसे पूछा गया कि वे रोजाना 6 से कम गर्म पेय लेते हैं या 6 या उससे ज्यादा।

इसके अलावा प्रतिभागियों से यह भी पूछा गया कि वे अपने पेय को किस तापमान पर पीना पसंद करते हैं—गुनगुना, गर्म या बहुत गर्म। अध्ययन में करीब आधे प्रतिभागियों ने रोजाना 6 या उससे ज्यादा गर्म पेय पदार्थ लेने की जानकारी दी, जबकि लगभग 15 प्रतिशत लोगों ने बताया कि वे पेय पदार्थों को बहुत गर्म पीना पसंद करते हैं।

बहुत गर्म पेय पीने वालों में खतरा तीन गुना से ज्यादा

शोधकर्ताओं के मुताबिक, पेय पदार्थ के तापमान का एसोफैगस के SCC के जोखिम से संबंध पाया गया। गुनगुने पेय पसंद करने वालों की तुलना में गर्म पेय पीने वालों में जोखिम करीब दोगुना था।

वहीं, जो लोग बहुत गर्म पेय पीना पसंद करते थे, उनमें यह जोखिम तीन गुना से भी अधिक पाया गया। रिसर्च में मात्रा का भी असर देखने को मिला। तापमान को ध्यान में रखने के बाद, रोजाना 6 या उससे ज्यादा गर्म पेय पीने वालों में 6 से कम गर्म पेय लेने वालों की तुलना में एसोफैगस SCC का जोखिम करीब 71 प्रतिशत अधिक पाया गया।

चाय-कॉफी को थोड़ा ठंडा करके पीना बेहतर

रिसर्च के निष्कर्षों के आधार पर विशेषज्ञों ने बहुत गर्म चाय-कॉफी और अन्य पेय पदार्थों से बचने की सलाह दी है। चाय या कॉफी को कुछ देर ठंडा होने देने और गुनगुने तापमान पर पीने से बहुत गर्म पेय के संपर्क में आने वाले एसोफैगस के जोखिम को कम किया जा सकता है।

हालांकि, इस तरह की स्टडी किसी एक व्यक्ति में कैंसर होने की निश्चित भविष्यवाणी नहीं करती। कैंसर का जोखिम कई अन्य कारकों पर भी निर्भर करता है। इसलिए लगातार किसी भी स्वास्थ्य समस्या या असामान्य लक्षण की स्थिति में डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।

RELATED ARTICLES
New Delhi
clear sky
23.8 ° C
23.8 °
23.8 °
67 %
0.4kmh
0 %
Thu
23 °
Fri
32 °
Sat
33 °
Sun
33 °
Mon
35 °

Most Popular