Gold Silver Price: भारतीय सर्राफा बाजार में गुरुवार को सोने और चांदी की कीमतों में जबरदस्त उछाल देखा गया। इंडिया बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन (आईबीजेए) के अनुसार, 24 कैरेट सोने की कीमत 622 रुपये बढ़कर 1,01,506 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई, जो बुधवार को 1,00,884 रुपये थी। चांदी ने भी ऑल-टाइम हाई बनाया और इसकी कीमत 1,240 रुपये बढ़कर 1,17,110 रुपये प्रति किलो पहुंच गई, जो पहले 1,15,870 रुपये थी। यह तेजी मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी देखी गई, जिसने निवेशकों और खरीदारों का ध्यान आकर्षित किया।
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Gold Silver Price: सोने की विभिन्न शुद्धताओं में वृद्धि
आईबीजेए के शाम के अपडेट के मुताबिक, 22 कैरेट सोने की कीमत 570 रुपये बढ़कर 92,980 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई, जो पहले 92,410 रुपये थी। वहीं, 18 कैरेट सोने का दाम 467 रुपये की बढ़ोतरी के साथ 76,130 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया, जो पहले 75,663 रुपये था। आईबीजेए सोने और चांदी की कीमतों को सोमवार से शुक्रवार तक सुबह और शाम दो बार अपडेट करता है, जिससे बाजार की सटीक स्थिति का पता चलता है। यह तेजी वैश्विक और घरेलू कारकों का परिणाम है।
Gold Silver Price:वायदा बाजार में भी मजबूती
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर भी सोने और चांदी की कीमतों में तेजी देखी गई। 3 अक्टूबर 2025 के कॉन्ट्रैक्ट के लिए सोने की कीमत 0.12 प्रतिशत बढ़कर 1,01,667 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई। चांदी के 5 सितंबर 2025 के कॉन्ट्रैक्ट में 0.93 प्रतिशत की वृद्धि हुई, और यह 1,17,175 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गई। यह उछाल वैश्विक बाजारों में सोने और चांदी की मांग में बढ़ोतरी और अनिश्चित आर्थिक परिस्थितियों का परिणाम है।
Gold Silver Price: अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़त
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर, कॉमैक्स पर सोने की कीमत 0.23 प्रतिशत बढ़कर 3,456 डॉलर प्रति औंस और चांदी की कीमत 1.12 प्रतिशत बढ़कर 39.14 डॉलर प्रति औंस दर्ज की गई। वैश्विक बाजार में यह तेजी अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों में संभावित कटौती की अटकलों और भू-राजनीतिक तनावों के कारण देखी जा रही है। सोना हमेशा से अनिश्चितता के समय में सुरक्षित निवेश माना जाता है, और हाल के अमेरिकी नीतिगत बदलावों ने इसकी मांग को और बढ़ाया है।
जानिए क्या कहते हैं विशेषज्ञ
एलकेपी सिक्योरिटीज के विश्लेषक जतिन त्रिवेदी ने कहा कि सोने की कीमतें वर्तमान में एक सीमित दायरे में कारोबार कर रही हैं। निवेशकों का ध्यान अब अगले सप्ताह अमेरिका में जारी होने वाले बेरोजगारी और नॉन-फार्म पेरोल डेटा पर टिका है। त्रिवेदी ने बताया कि अगर फेडरल रिजर्व ब्याज दरों में कटौती करता है, तो सोने की कीमतों को और समर्थन मिलेगा, क्योंकि कम ब्याज दरें सोने को निवेशकों के लिए और आकर्षक बनाती हैं। इसके अलावा, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के हालिया फैसलों, जैसे फेडरल रिजर्व की गवर्नर लिसा कुक को हटाने, ने बाजार में अस्थिरता बढ़ाई है, जिससे सोने की मांग में इजाफा हुआ।
वर्ष 2025 में कीमतों में रिकॉर्ड बढ़ोतरी
इस साल 1 जनवरी से अब तक 24 कैरेट सोने की कीमत 76,162 रुपये से 25,344 रुपये (33.27%) बढ़कर 1,01,506 रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई है। चांदी की कीमत भी 86,017 रुपये प्रति किलो से 31,093 रुपये (36.14%) बढ़कर 1,17,110 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। यह उछाल शादी के मौसम की मांग, रुपये की कमजोरी, और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं का परिणाम है। विशेषज्ञों का मानना है कि गणेश उत्सव और आगामी त्योहारी सीजन में मांग और बढ़ सकती है, जिससे कीमतों में और उछाल आ सकता है।
निवेशकों के लिए अवसर और चुनौतियां
सोने और चांदी की कीमतों में यह तेजी निवेशकों के लिए अवसर और चुनौतियां दोनों लेकर आई है। त्योहारी सीजन में ज्वेलरी की मांग बढ़ने की उम्मीद है, लेकिन ऊंची कीमतें खरीदारों के लिए चुनौती बन सकती हैं। निवेशकों को सलाह दी जा रही है कि वे इंडिया बुलियन ज्वेलर्स एसोसिएशन की वेबसाइट (ibjarates.com) या मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर लाइव रेट्स की जांच करें और बीआईएस हॉलमार्क वाले सोने-चांदी में ही निवेश करें। यह तेजी बिहार जैसे राज्यों में, जहां वोटर अधिकार यात्रा जैसे राजनीतिक आयोजन चल रहे हैं, स्थानीय बाजारों को भी प्रभावित कर रही है।
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