Credit Score: क्रेडिट स्कोर किसी व्यक्ति की वित्तीय विश्वसनीयता का एक महत्वपूर्ण मापदंड है, जो 300 से 900 के बीच होता है। भारत में क्रेडिट ब्यूरो जैसे ट्रांसयूनियन सिबिल, इक्विफैक्स, एक्सपेरियन और सीआरआईएफ हाईमार्क इस स्कोर को तैयार करते हैं। एक अच्छा क्रेडिट स्कोर (750 से ऊपर) कम ब्याज दरों पर ऋण, उच्च क्रेडिट सीमा और त्वरित ऋण स्वीकृति में मदद करता है। वहीं, कम स्कोर के कारण ऋण आवेदन खारिज हो सकते हैं या उच्च ब्याज देना पड़ सकता है। यदि आपका क्रेडिट स्कोर कम है, तो कुछ स्मार्ट उपायों से इसे जल्दी सुधारा जा सकता है। आइए जानते हैं पांच कारगर टिप्स, जो आपके क्रेडिट स्कोर को बेहतर बनाने में मदद करेंगे।
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Credit Score: समय पर करें बिलों का भुगतान
क्रेडिट स्कोर का सबसे बड़ा हिस्सा (लगभग 35%) आपके भुगतान इतिहास पर निर्भर करता है। क्रेडिट कार्ड बिल, ईएमआई, और उपयोगिता बिलों का समय पर भुगतान सुनिश्चित करें। देर से भुगतान या डिफॉल्ट आपके स्कोर को सात साल तक नुकसान पहुंचा सकते हैं। स्वचालित भुगतान सेट करना या रिमाइंडर लगाना इस आदत को बनाए रखने में मदद कर सकता है। इसके अलावा, यदि आप किराए, फोन बिल या स्ट्रीमिंग सेवाओं जैसे नेटफ्लिक्स के भुगतान समय पर करते हैं, तो एक्सपेरियन बूस्ट जैसे टूल का उपयोग करें, जो इन भुगतानों को आपके क्रेडिट रिपोर्ट में जोड़ सकते हैं। इससे स्कोर में तुरंत सुधार हो सकता है।
Credit Score: क्रेडिट उपयोग अनुपात को रखें कम
क्रेडिट उपयोग अनुपात (CUR) आपके क्रेडिट स्कोर का 30% प्रभावित करता है। यह अनुपात आपके क्रेडिट कार्ड की सीमा के मुकाबले उपयोग की गई राशि को दर्शाता है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि इसे 30% से नीचे रखें। उदाहरण के लिए, यदि आपकी क्रेडिट सीमा 1 लाख रुपये है, तो 30,000 रुपये से अधिक खर्च न करें। मौजूदा कर्ज को चुकाने या क्रेडिट सीमा बढ़ाने की मांग करने से यह अनुपात कम हो सकता है। क्रेडिट सीमा बढ़ाने से पहले सुनिश्चित करें कि आपका वित्तीय इतिहास मजबूत है, ताकि यह आपके स्कोर को और बेहतर करे।
Credit Score: नई क्रेडिट के लिए बार-बार आवेदन से बचें
हर बार जब आप नया क्रेडिट कार्ड या ऋण के लिए आवेदन करते हैं, तो हार्ड इंक्वायरी होती है, जो आपके स्कोर को 5 अंक तक कम कर सकती है। एक छोटी अवधि में कई हार्ड इंक्वायरी वित्तीय अस्थिरता का संकेत देती हैं। इसलिए, केवल जरूरत पड़ने पर ही क्रेडिट के लिए आवेदन करें। प्री-क्वालिफिकेशन चेक, जो सॉफ्ट इंक्वायरी पर आधारित होता है, आपके स्कोर को प्रभावित किए बिना पात्रता जांचने का बेहतर तरीका है। इसके अलावा, मॉर्गेज या ऑटो लोन के लिए रेट शॉपिंग 14-45 दिनों के भीतर करें, ताकि कई इंक्वायरी को एक ही माना जाए।
Credit Score: क्रेडिट रिपोर्ट में त्रुटियों को ठीक करें
आपके क्रेडिट स्कोर को गलत जानकारी, जैसे गलत व्यक्तिगत विवरण, डुप्लिकेट खाते, या गलत बकाया राशि, नुकसान पहुंचा सकती है। सिबिल, इक्विफैक्स, या एक्सपेरियन से अपनी क्रेडिट रिपोर्ट मुफ्त में प्राप्त करें और त्रुटियों की जांच करें। यदि कोई गलती मिलती है, तो ब्यूरो की वेबसाइट पर ऑनलाइन डिस्प्यूट फॉर्म भरें। पैन कार्ड, आधार, बैंक स्टेटमेंट या लोन क्लोजर सर्टिफिकेट जैसे दस्तावेजों के साथ अपनी शिकायत को मजबूत करें। त्रुटियों के सुधार के बाद, स्कोर में सुधार अगले अपडेट साइकिल (कई हफ्तों) में दिखाई दे सकता है।
Credit Score: पुराने क्रेडिट खातों को बनाए रखें
क्रेडिट इतिहास की लंबाई आपके स्कोर का 15% प्रभावित करती है। पुराने क्रेडिट खातों को बंद करने से आपका क्रेडिट इतिहास छोटा हो सकता है, जो स्कोर को नुकसान पहुंचाता है। यदि आपके पास पुराना क्रेडिट कार्ड है, जो अच्छे स्टैंडिंग में है, तो उसे बंद न करें। इसे समय-समय पर छोटे खर्चों के लिए उपयोग करें और बिल समय पर चुकाएं। इससे आपका क्रेडिट इतिहास लंबा और मजबूत बना रहता है। इसके अलावा, क्रेडिट मिक्स (क्रेडिट कार्ड, लोन आदि) का विविध होना भी स्कोर के लिए फायदेमंद है, बशर्ते आप इन्हें जिम्मेदारी से प्रबंधित करें।
धैर्य और अनुशासन है जरूरी
क्रेडिट स्कोर को सुधारना एक रात का काम नहीं है। गंभीर क्रेडिट समस्याओं को ठीक करने में 6-12 महीने लग सकते हैं, लेकिन इन पांच उपायों का नियमित पालन आपके स्कोर को 650 से 800 तक ले जा सकता है। नियमित रूप से अपनी क्रेडिट रिपोर्ट की निगरानी करें, जिम्मेदार वित्तीय आदतें अपनाएं, और जरूरत पड़ने पर वित्तीय सलाहकार की मदद लें। एक मजबूत क्रेडिट स्कोर न केवल बेहतर ऋण शर्तें दिलाता है, बल्कि आपके वित्तीय भविष्य को भी सुरक्षित करता है।
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