Bulldozer Action: दिल्ली के तुर्कमान गेट इलाके में बुधवार तड़के नगर निगम (MCD) की अतिक्रमण हटाओ कार्रवाई के दौरान तनावपूर्ण स्थिति बन गई। फैज-ए-इलाही मस्जिद और कब्रिस्तान से सटी जमीन पर अवैध निर्माण तोड़ने के लिए करीब 17-30 बुलडोजर लगाए गए। विरोध में कुछ लोगों ने पत्थरबाजी की, जिसके जवाब में पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े। कुछ पुलिसकर्मी मामूली रूप से घायल हुए, लेकिन स्थिति को जल्द नियंत्रित कर लिया गया।
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Bulldozer Action: हाईकोर्ट के निर्देश पर रात में शुरू हुई कार्रवाई
यह कार्रवाई दिल्ली हाईकोर्ट के नवंबर 2025 के आदेश पर आधारित है, जिसमें रामलीला मैदान के पास तुर्कमान गेट में करीब 38,940 वर्ग फुट अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया गया था। इसमें सड़क का हिस्सा, फुटपाथ, बारात घर, पार्किंग और एक निजी डायग्नोस्टिक सेंटर शामिल हैं। MCD के डिप्टी कमिश्नर विवेक अग्रवाल ने बताया कि 85 प्रतिशत अतिक्रमण हटा दिया गया है। एक छोटा स्ट्रक्चर बाकी है, जिसे मलबा हटाने के बाद गिराया जाएगा। कार्रवाई रात करीब 1 बजे शुरू हुई और सुबह तक मलबा हटाने का काम जारी रहा। मस्जिद कमेटी ने इसे चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी, जिस पर कोर्ट ने मंगलवार को नोटिस जारी किया, लेकिन कार्रवाई रोकने का कोई अंतरिम आदेश नहीं दिया।
Bulldozer Action: विरोध और पत्थरबाजी, पुलिस ने संभाला मोर्चा
कार्रवाई के दौरान करीब 300 MCD अधिकारी-कर्मचारी मौके पर थे। कुछ शरारती तत्वों ने पत्थरबाजी कर गड़बड़ी पैदा करने की कोशिश की। संयुक्त पुलिस आयुक्त मधुर वर्मा ने कहा कि स्थिति को तुरंत काबू में कर लिया गया। न्यूनतम और सीमित बल का इस्तेमाल किया गया। इलाके को 9 जोनों में बांटा गया था, हर जोन में अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर रैंक के अधिकारी तैनात थे। अमन कमेटी और स्थानीय हितधारकों से पहले ही बैठकें की गईं थीं। पुलिस ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए, जिसमें रैपिड एक्शन फोर्स भी शामिल थी। पत्थरबाजी में 5 पुलिसकर्मी घायल हुए, लेकिन कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
Bulldozer Action: क्या-क्या ढहाया गया
ध्वस्त किए गए ढांचों में बारात घर का हिस्सा, डिस्पेंसरी, कई दुकानें और पार्किंग एरिया शामिल हैं। मस्जिद और कब्रिस्तान की मूल संरचना को कोई नुकसान नहीं पहुंचाया गया। MCD का कहना है कि यह सार्वजनिक जमीन पर अवैध कब्जा था, जबकि कमेटी इसे 100 साल पुराना बता रही है। ट्रैफिक पुलिस ने एडवाइजरी जारी की थी, जिसमें JLN मार्ग, अजमेरी गेट और मिंटो रोड से बचने की सलाह दी गई।
अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR
तुर्कमान गेट के पास फैज़-ए-इलाही मस्जिद के इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है, जहां कल रात MCD ने अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया था। दिल्ली पुलिस ने पत्थरबाज़ी की घटना के सिलसिले में अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। CCTV फुटेज और बॉडी कैमरा रिकॉर्डिंग की मदद से पत्थर फेंकने वालों की पहचान की जा रही है।
राजनीतिक और सामाजिक प्रतिक्रियाएं
यह कार्रवाई पुरानी दिल्ली के संवेदनशील इलाके में हुई, जिससे तनाव बढ़ा। कुछ लोग इसे धार्मिक स्थल पर हमला बता रहे हैं, जबकि प्रशासन इसे कानूनी प्रक्रिया करार दे रहा है। दिल्ली पुलिस ने प्रतिबद्धता जताई कि कानून-व्यवस्था बनाए रखी जाएगी और न्यायिक निर्देशों का संवेदनशीलता से पालन होगा।
तुर्कमान गेट का यह इलाका इमरजेंसी काल की यादों से भी जुड़ा है, जब 1970 के दशक में बड़े पैमाने पर डिमोलिशन हुआ था। वर्तमान कार्रवाई कोर्ट ऑर्डर पर आधारित होने से अलग है, लेकिन स्थानीय स्तर पर विवाद पैदा कर रही है। आने वाले दिनों में हाईकोर्ट की सुनवाई पर नजर रहेगी।
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